तुमसे बिछड़े तब ये राज खुला हम पर हम अपने पास कभी थे ही नहीं। तुमसे बिछड़े तब ये राज खुला हम पर हम अपने पास कभी थे ही नहीं।
आप हाथों की लकीर में न थे "नीतू" के अहसास पहले खो गए। आप हाथों की लकीर में न थे "नीतू" के अहसास पहले खो गए।
तुझ में मैं रहूँ मुझ में तू रहे मांगू रब से यही दुआ मैं तुझ में मैं रहूँ मुझ में तू रहे मांगू रब से यही दुआ मैं