STORYMIRROR

Deepa Vankudre

Others

4  

Deepa Vankudre

Others

मेरा देश, भारत देश

मेरा देश, भारत देश

2 mins
284

गात्रों में बहती है स्फूर्ती जब डंका तेरा बजता है,

मेरा देश, भारत देश, सिर्फ तेरे आगे सिर झुकता है।


हिममुकुट सजा उत्तर में,

महासागर रक्षण करे पूर्व, पश्चिम में,

पावन संगम तीर दक्षिण में,

वरदान दे रही निसर्ग देवता।

व्याख्या तेरी विविधता में एकता, यह विशेषता है,

मेरा देश, भारत देश, सिर्फ तेरे आगे सिर झुकता है।।१।।


भूमी है साधू संतों की,

राणा प्रताप शिवबा जैसे महंतों की

आरती उतारती अगणित वीरों की,

यहाँ पुत्री, बहन, भार्या और माता!

व्याख्या तेरी विविधता में एकता, यह विशेषता है,

मेरा देश, भारत देश, सिर्फ तेरे आगे सिर झुकता है।।२।।


महाकाव्य महाभारत, रामायण, 

भगवत गीता का शिक्षण, 

शिष्य को गुरू का आशिष कंकण, 

प्राचीन संस्कृतीदीप अविरत जलता!

व्याख्या तेरी विविधता में एकता, यह विशेषता है,

मेरा देश, भारत देश, सिर्फ तेरे आगे सिर झुकता है।।३।।


भोर होते मंदिरों में घंटा नाद, 

आती है अजान की साद,

गुरुद्वारे में लंगर का प्रसाद,

धर्म की एकरूपता, दैवी दिव्यता!

व्याख्या तेरी विविधता में एकता, यह विशेषता है,

मेरा देश, भारत देश, सिर्फ तेरे आगे सिर झुकता है।।३।।



Rate this content
Log in