STORYMIRROR

सुरभि शुक्ला

Others

3  

सुरभि शुक्ला

Others

कविता दिवस

कविता दिवस

1 min
146

सारे विचारों और 

संवेदनाओं को समेटकर

एक एक अक्षर को 

शब्दों की माला में पिरोकर

कलम की सहायता से

एक मूर्त रूप देता है

एक कवि

अपनी कविता को।



Rate this content
Log in