लिखती हूँ ताकि खामोशी बयान हो सके। अल्फ़ाज़ अधूरे हैं, पर जज़्बात पूरे हैं।✍️✍️ #simmiwrites
अपने स्कूल को देखा आज, पहचान ही नहीं पाया मैं। जहाँ हँसते खेलते थे हम, वहाँ खामोशी रोता है। अपने स्कूल को देखा आज, पहचान ही नहीं पाया मैं। जहाँ हँसते खेलते थे हम, वहाँ खामो...
हर अनुभव एक शिक्षा है, कुछ जख्म सिखाते हैं संभलना, कुछ अपनों की चुप्पी सिखाती है बोलना, हर बदलाव एक ... हर अनुभव एक शिक्षा है, कुछ जख्म सिखाते हैं संभलना, कुछ अपनों की चुप्पी सिखाती है...
कोई दुश्मन नहीं है मेरा इस दुनिया में फिर भी हर रात आंखें नम रहती है दुश्मन तो वार करके ... कोई दुश्मन नहीं है मेरा इस दुनिया में फिर भी हर रात आंखें नम रहती है ...
बर्ताव सबके याद है मुझे कौन कब कैसे बदला था कौन हंसकर जख्म दे गया कौन रो कर अपना बता गया बर्ताव सबके याद है मुझे कौन कब कैसे बदला था कौन हंसकर जख्म दे गया कौन रो कर अपना...
बुरे कल के पन्ने पलटती हूं मैं हर सुबह से थोड़ा डरती हूं मैं पर रात की स्याही में ही तो सुबह का उजाल... बुरे कल के पन्ने पलटती हूं मैं हर सुबह से थोड़ा डरती हूं मैं पर रात की स्याही मे...
अपने जीवन के बूरे पहलुओं को याद करती हूं मैं जीवन के नए सवेरे से डरती हूं मैं जीवन की हर रातों से दू... अपने जीवन के बूरे पहलुओं को याद करती हूं मैं जीवन के नए सवेरे से डरती हूं मैं जी...
आगे खामोशी थी, और पीछे तन्हाई थी बोलने को तो लफ़्ज़ बड़े थे लेकिन समझने को परछाई भी नहीं थी मंज़िल ... आगे खामोशी थी, और पीछे तन्हाई थी बोलने को तो लफ़्ज़ बड़े थे लेकिन समझने को परछाई...
मेरी खामोशी को मेरा घमंड न समझना मेरी चुप्पी को मेरी बेवकूफी न समझना वक्त को नोच कर जाऊंगी मैं... मेरी खामोशी को मेरा घमंड न समझना मेरी चुप्पी को मेरी बेवकूफी न समझना वक्त ...
मैं जिंदा लाश हूँ, फिर भी जिंदगी जी रही हूँ, दिल में आग लगी ही गयी, पर साँसें अब भी चल रही हैं। चेह... मैं जिंदा लाश हूँ, फिर भी जिंदगी जी रही हूँ, दिल में आग लगी ही गयी, पर साँसें अब...