STORYMIRROR

Harshita Gupta

Others

3  

Harshita Gupta

Others

वो सतरंगी पल

वो सतरंगी पल

1 min
282

कुछ पल ऐसे थे

जो भुलाए ना भूल पाए हम।

वो पल ही तो थे जो हमे हम बनाया करते थे

उन्हीं को याद करके अब सिर्फ मुस्कुराया करते हैं हम।

क्योंकि वो पल इन्द्रधनुष की तरह रंगीन थे।

जिंदगी में रंग था और हम रंगीन थे।

कहाँ गए वो सतरंगी पल ।

क्या वो था सिर्फ मेरा बीता हुआ कल क्यों है मन इतनी हल चल।

हा वो पल अब है मेरा बीता कल अब मुझे खुद से कहना है चल तू उन्हें भूलकर आगे चल।



Rate this content
Log in