STORYMIRROR

Anandbala Sharma

Others

2  

Anandbala Sharma

Others

जीवन खेल नहीं

जीवन खेल नहीं

1 min
179


अब शादी ब्याह कोई गड्डे गुड़िया का खेल तो है नहीं


 बेटा कि जब मरजी आए खतम 

कर दिया जब मरजी आए शुरू कर दिया। यह जीवन भर का सौदा है सोच

समझ कर निर्णय लेना चाहिए। तुम्हारे

दो छोटे छोटे बच्चे हैं सोचा है कभी

उनका भविष्य क्या होगा? तुम्हारा

तो पूरा जीवन पड़ा है। हम भी तो

हमेशा नहीं रहेंगे।

रश्मि के पापा

ने गंभीरतापूर्वक कहा- अब घर में

इस तरह की घटनाएँ तो होती ही

रहती हैं। मिल बैठकर हर समस्या

का समाधान मिल जाता है। धीरज

से काम लेना चाहिए

आप ठीक कहते हैं पापा , मैं अपनी

तरफ से पूरा प्रयत्न करूंगी ।ताकि मामला सुलझ जाए।अब मैं आपको

शिकायत का कोई मौका नहीं दूंगी।


विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन