STORYMIRROR

सरफिरा लेखक सनातनी

Others

3  

सरफिरा लेखक सनातनी

Others

मेरी कहानी सुन रोए

मेरी कहानी सुन रोए

1 min
159

कभी रूठ कर सो गए हम

कभी रात भर ना सोए। 


कभी हंस के गम छुपाया

कभी मुंह छुपा कर रोए। 


मेरे पुराने दर्द को किरोध कर रोए 

मुझे अपना कहने वाले वो मेरे लिए रोए। 


रोए इतना किसी की याद में

फिर मेरी कहानी सुन रोए।



Rate this content
Log in