मैं और सरकार - 2
मैं और सरकार - 2
1 min
258
मैं
अकेला
मैं
सबका
अपने माता पिता का मैं
अपने भाई बहन का मैं
अपनी पत्नी बच्चों का मैं
अपने पड़ोसियों का मैं
अपने परिजनों का मैं
अपने समाज का मैं
अपने देश का मैं
अपनी दुनिया का मैं
अपने समय का मैं!
सरकार
अकेली
सरकार
सबकी
सरकार किसान की, सरकार साहूकार की
सरकार बांटने वालों की, सरकार जमाखोरों की
सरकार सिपाही की, सरकार चोरों की
सरकार श्रमिक की, सरकार मालिक की
सरकार दूध की, सरकार दारू की
सरकार कंगालों की, सरकार धनवालों की
सरकार सबकी
सरकार अकेली!
तू बन सरकार का
तू बन दरबार का
छोड़ सब बेकार का
ढंग सीख कारोबार का
तू खा, बांटे सरकार
तू पका, खाए सरकार!!!
