STORYMIRROR

AVINASH KUMAR

Others

3  

AVINASH KUMAR

Others

हालातों से ना डर

हालातों से ना डर

1 min
376

हालातों से ना डर ऐ दुनिया के मुसाफिर

मंजिल तेरी मिलेगी तूफानों से टकराकर।


हकीकत बयां जब होगी वो भी जानेगा एक दिन

भागकर खुद आयेगा वो दुनिया को आजमाकर।


फसाने कभी कम ना होंगे जुदा होकर भी हम जुदा ना होंगे

कश्ती लगेगी किनारे यकीनन बस लहरों से टकराकर।


सारा जहां तेरी गिरफ्त में होगा पर शायद हम तेरे ख्वाबो में होंगे

तुम आ जाओ अब जल्दी से वरना तेरे बिना हम ना होंगे।


इंतजार अब होता ही नहीं फिर क्यूँ आजमाते हो मेरी जान लेकर।


विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन