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Rahulkumar Chaudhary

Children Stories Comedy Crime

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Rahulkumar Chaudhary

Children Stories Comedy Crime

बहुत है

बहुत है

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तेरे प्यार में दो पल की जिन्दगी बहुत है

एक पल की हँसी,एक पल की खुशी बहुत है,


ये दुनिया, मुझे जाने या न जाने

तेरी आँखें मुझे पहचानेबस यही बहुत है !


मोहब्बत का भी एक अलग ही दस्तूर होता है

हर दस्तूर में तू बस यही बहुत है


ये पल भर में हो जाती है,

जिन्दगी भर के लिए साथ रहे बस यही बहुत है।


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