STORYMIRROR

Seema Sharma

Others

4  

Seema Sharma

Others

पधारे है रितुराज बसंत

पधारे है रितुराज बसंत

1 min
287


पधारे हैं रितुराज बसंत

मिलन की बेला आई है

बसंती गीत मै गाँऊ 

मिलन की बेला आई है 

पधारे हैं रितु राज बसंत

 मिलन की वेला आई है।


माँ सरस्वती का जन्म हुआ है

धरती पर आनंद हुआ है

जन का मन मकरंद हुआ है

हर्षित हर एक वृंद हुआ है

हर तरफ बजती शहनाई

मिलन की वेला आई है

पधारे हैं रितुराज बसंत

मिलन की वेला आई है।


खिले हैं फूल सरसों के 

आम पर बौर भी आ गए

कोयल की कूक अब गूँजी 

मिलन की वेला आई है

पधारे है रितुराज बसंत 

मिलन की बेला आई है।


बीत गए पतझड़ के मौसम 

फूल फिर से खिल आये हैं

मिलन की आस मै भंवरें ,

फूलों पर फिर मडराऐ हैं

चली हैं पवन पुरवाई

मिलन की वेला आई है 

पधारे हैं रितुराज बसंत 

मिलन की वेला आई है।


रंग बिरंगी कलियां खिल गई 

हरयाली धरती में भर गई 

महुआ टप -टप टपक रहे हैं 

भीनी -भीनी खुशबू आये

गौरैया गीत फिर गाये

मिलन की बेला आई है

पधारे हैं रितुराज बसंत

मिलन की बेला आई है।



Rate this content
Log in