STORYMIRROR

क़लम-ए-अम्वाज kunu

Others

4  

क़लम-ए-अम्वाज kunu

Others

अल्फा कोस थीटा

अल्फा कोस थीटा

1 min
398

मेरे जीवन में पिताजी गणित के अनसुलझे सवाल से रहे 

कठिन ,अत्यधिक कठिन  

मैं जितना भी प्ल्स माइन्स कोस थीटा करूँ उसके उत्तर में हमेशा केवल उलझा हुआ कोई नया ही प्रश्न प्राप्त हुआ ।

इतने दिनों के अथक प्रयास के बाद भी जब कोई निष्कर्ष नहीं मिला तब मुझे ज्ञान हुआ कि 

यहाँ समझने हेतु कोई सूत्र या खण्डन नहीं अपितु जुड़ाव की आवश्यकता है 

अर्थात मैंने पिता जी के पास माँ लिख दिया 

फिर जो उत्तर प्राप्त हुआ वो है प्रेम जिससे मैं सृजित हुआ हूँ।


विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन