नमस्कारम मै हिंदी कविताओं से बहुत लगाव रहता है | मै एक CSIR लैब में परियोजना वैज्ञानिक हूँ, हैदराबाद में रहता हूँ | अक्सर यूट्यूब पर कविसम्मेलन एवं मुशायरा देखा करता हूँ
और निःश्वासों में अब भी है खुशबू परिमल जैसी ही ! और निःश्वासों में अब भी है खुशबू परिमल जैसी ही !
अमावस सी जिंदगी में चाँदनी हो, सूनेपन में गाती तुम एक रागिनी हो। अमावस सी जिंदगी में चाँदनी हो, सूनेपन में गाती तुम एक रागिनी हो।
तुम्हारे लिए, पहले प्यार के लिए ! पहली नज़र का मिलना, पसंदीदा डायरी के पन्नों पर लिखा पहला पत्रिका... तुम्हारे लिए, पहले प्यार के लिए ! पहली नज़र का मिलना, पसंदीदा डायरी के पन्नों प...
कुछ ऐसा लिख दो कि ये पाप मुक्त संसार बने। कलम बने तलवार और कविता फिर हुंकार भरे। कुछ ऐसा लिख दो कि ये पाप मुक्त संसार बने। कलम बने तलवार और कविता फिर हुंकार भरे।
तुम युगपुरुष, तुम युगदृष्टा लगन, कर्मठता और है निष्ठा अस्सीम सेवाएं अपनी देकर देश को दिया नया आया... तुम युगपुरुष, तुम युगदृष्टा लगन, कर्मठता और है निष्ठा अस्सीम सेवाएं अपनी देकर ...
कैसे सजदा कर भी पाऊं मै है जब भी है ये गिरती पलके तेरी इक सूरत ही देखी ! कैसे सजदा कर भी पाऊं मै है जब भी है ये गिरती पलके तेरी इक सूरत ही देखी !
उन आँखों में खोया था, बड़ी देर तक उस दिन डूबा था या कैद था, पता ही न चला !! उन आँखों में खोया था, बड़ी देर तक उस दिन डूबा था या कैद था, पता ही न चला !!