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हमसफ़र मेरे...

हमसफ़र मेरे जब तू साथ में, जीवन में नहीं कोई आस है, माँगती हूँ तेरी सलामती की दुआ, तू नहीं है तो तेरे लिए यह दिल उदास है।

By anuradha chauhan
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