गुड़िया सी लगती है सुंदर, स्वर्णिम आभा छिपी है अंदर। मोह सभी का मन है लेती, खुशियों से जन मन भर द... गुड़िया सी लगती है सुंदर, स्वर्णिम आभा छिपी है अंदर। मोह सभी का मन है लेती, ख...