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DARSHITA SHAH

Others

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DARSHITA SHAH

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पत्थरो

पत्थरो

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पत्थरो ने तराशा है प्यार को ।

फूल मुरझा जाते है पल दो पल में ॥


दुनिया को दी है निशानी प्यार की ।

खुश्बु लूटा जाते है पल दो पल में ॥


लोग सदियों से यहाँ आते है ओर ।

चैनो-सुकु पाते है पल दो पल में ॥     


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