मांँ मेरा पहला प्यार,
मांँ मेरा पहला प्यार,
मांँ मेरा पहला प्यार,
जिसने दिखलाया संसार ,
नया मुझे नया आकार दिया,
अपना सारा प्यार दिया !
गोदी में जिसके बीता बचपन ,
जिस से जुड़ी थी दिल की धड़कन,
बाहों में मुझे झूलाती थी,
लोरी गाकर सुलाती थी ,
मांँ ने ही चलना सिखाया,
गिरने पर संभलना सिखाया,
कभी डांँट कर कभी प्यार से
सही राह दिखलाया,
जीवन की भरी धूप में
मांँ बनी थी शीतल छाया,
मैं था मां की आंखों का तारा,
वह कहती मेरे जीने का सहारा ,
मेरे हर सवाल का जवाब थी मांँ,
करती मुझसे प्यार बेहिसाब थी माँ,
सागर से गहरा मांँ का प्यार ,
मांँ मेरे जीवन की बहार।
