दोस्त ।।
दोस्त ।।
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दिन बीत जाते है, यादें बनकर
किस्से रह जाते है, कहानियां बनकर
कुछ दोस्त हमने भी बनाए है
जो दिल के करीब रहे जाते है
कभी मुस्कान तो कभी
आंखों का पानी बनकर
कहीं ज़िन्दगी में जीने की वजह दे जाते है,
और कुछ ज़िन्दगी बन जाते है
कुछ दिमाग से खाली तो,
कुछ ज्यादा ही होशियार दोस्त बनाए है हमने ।
