STORYMIRROR

Shikha Verma

Others

3  

Shikha Verma

Others

दिल की दुनिया

दिल की दुनिया

1 min
164

सूनी थी इस दिल की दुनिया,

सूनी ही रह जायेगी।

तेरी मेरी प्रेम कहानी,

गुम होकर रह जाएगी।

चाहा बहुत... भुलाएँ लेकिन,

मरते दम तक चाहेंगे।

जीकर तो न पाया तुमको,

मर के शायद पाएंगे।

न समझेगी दुनिया हमको,

न समझेगी दुनिया तुमको।

प्यार इबादत बन जाता है,

जब मिलता मन, मन से मन को।।

शायद होगी कमी रही कुछ,

तब हमने आँसू पाये हैं।

पर देखो ना...रोकर भी मुस्काये हैं।।

दिल रोया है! कब-कब, कैसे?

कितने आँसू छुपाए हैं!

जितनी साँसे, उतनी आहें,

उतनी बार बहाए हैं।।



विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन