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Saanvi The great

Children Stories Children

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Saanvi The great

Children Stories Children

बचपन का खाना

बचपन का खाना

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बचपन में हैं सब कुछ खाया, 

कुछ खाया किसी को 

सिर हिलाया। 


किसी ने खाई रोटी, 

किसी ने खाई डंडे 

की चोटी


कभी बाहर खेलने 

जाते

कभी घर में

ही तालियां 

बजाते


कभी खेलते

गिल्ली डंडा

और खा 

लेते अंडा


घर जब 

देरी से आते 

मम्मी पापा

सिर से पाँव

तक घबरा जाते


मम्मी सुनाती 

डाँट लेकिन 

उसकी डाँट

में भी होता प्यार


बचपन मेरा था सबसे अच्छा

ना कोई पढ़ाई ना कोई खर्चा

आराम से बाहर खेलने जाता

और घर आ के मम्मी

पापा की डाँट 

खाता


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