कवि शिवम यादव "अन्तापुरिया" राष्ट्रीय प्रचारक अखिल भारतीय यदुवंशी क्षत्रिय परिषद कानपुर उत्तर प्रदेश एवं स्टोरीमिरर के संयुक्त सहयोग से आयोजित साहित्य से समाज तक
कविता / कहानी लेखन प्रतियोगिता
7 अक्टूबर 2020 से लेकर 31 अक्टूबर 2020 तक
प्रतियोगिता हेतु नियम व शर्तें :
● यह प्रतियोगिता हर आयु के रचनाकारों के लिये है। आयुसीमा कोई मायने नहीं रखती।
● प्रविष्टि भेजने की समय सीमा दिनांक7 अक्टूबर 2020 से लेकर 31 अक्टूबर2020 तक है। निश्चित अवधि के उपरान्त भेजी गयी प्रविष्टियों को प्रतियोगिता में समिल्लित नहीं किया जायेगा।
● आपके द्वारा भेजी गयीं रचनाएँ मौलिक होनी चाहिए। किसी भी प्रकार के विवाद की स्थिति में सारा दायित्व प्रतिभागी का स्वयं होगा।
● प्रतिभागी अपनी नवीनतम फ़ोटो के साथ अपना संक्षिप्त परिचय (व्यवसाय, पत्र व्यवहार का पता व दूरभाषक्रमांक सम्मिलित हो) अपने स्टोरीमिरर की प्रोफाइल में अवश्य अपडेट करें।
● यदि रचना किसी भी दूसरे लेखक की कॉपी की हुई पाई जाती है तो स्टोरीमिरर की वेबसाइट से उसे डीलिट कर दिया जाएगा।
● अपनी कहानी या कविता में वर्तनी व व्याकरण का विशेष ध्यान रखें। कहानी मौलिक होनी चाहिए, आप किसी अन्य की रचना की नकल नहीं कर सकते।
● शब्द संख्या रचनाकार के ऊपर है। हमारी तरफ़ से कोई प्रतिबन्ध नहीं है।
● 2 ही विधाओं में रचनाएँ स्वीकार की जाएँगी। कविता या कहानी।
● एक रचनाकार कितनी भी रचनाएँ प्रेषित कर सकता है।
प्रतियोगिता में विषय इस प्रकार है, आप दिये गये विषयों में से किसी भी विषय को चुन कर अपनी प्रतिभा निखार सकते हैं।
"साहित्य से समाज तक"
उपविषय
• खतरे में चौथा स्तम्भ
• सरकारी तंत्र
• कलम पर प्रहार
• स्त्री यौन उत्पीड़न
• किसान दुर्दशा
• सामाजिक शोषण
• असत्य का प्रभाव
• न्यायालय
• लाचार माता-पिता
● साहित्य और समाज की संवेदनाओं परसमर्पित कविताओं व कहानियों को प्राथमिकता दी जाएगी।
परिणाम
● परिणाम 30 नवम्बर को स्टोरीमिरर की वेबसाइट पर घोषित किया जाएगा।
● विजेताओं का चयन संपादकीय स्कोर व गुणवत्ता के आधार पर किया जाएगा।
पुरस्कार
● 5 कविता और 5 कहानी में सर्वश्रेष्ठ स्थान प्राप्त करने वाले विजेताओं को स्टोरीमिरर का 250 रुपये का शॉप वाउचर दिया जायेगा।
● सभी प्रतिभागियों को स्टोरीमिरर की तरफ़ से डिजिटल सर्टिफिकेट प्रदान किया जाएगा।
नोट: रचना केवल प्रतियोगिता के लिंक पर ही जाकर प्रेषित की जानी चाहिए। प्रतियोगिता में भागीदारी पूर्णतः निशुल्क है।
नाम- शिवमअन्तापुरिया
साहित्य में उपनाम- अन्तापुरिया
पिता का नाम- श्री राम प्रसाद सिंह
माता का नाम- श्री मती आशा देवी
कवि जो कि युवा है,और वह बहुत ही जिज्ञासु स्वभाव का है क्योंकि वह अपने जीवन के शुरुआती दिनों में ही कुछ बड़ा करना चाहता है। जैसे सपने वह अपने सपनों में देखना औरों से अलग करना चाहता है,और देखना भी चाहता है,समाज के लिए सामाजिक समरसता स्थापित करने का कर्तव्य भी।
कवि शिवमअन्तापुरिया जो कि उत्तर प्रदेश के ग्राम अन्तापुर से ताल्लुक रखते हैं।इनका जन्म कृषक परिवार में हुआ था। इंटरमीडिएट की पढ़ाई के दौरान ही इनका मन में साहित्यक रुझान बढ़ने लगा जो कि साहित्य की ओर झुकते चले गए।
गद्य व पद्य जैसी दोनों विधाओं में साहित्य रचने का शौक हो गया।
अब तक दुनिया के सबसे बड़े काव्य संग्रह 'बज्म-ए़-हिन्द' में कृति 'समस्याओं ने घेरा' साहित्यनामा काव्य संग्रह में 'मौन शक्ति' नामक रचना प्रकाशित हो चुकी है।
देश-विदेश के अखबारों और पत्रिकाओं में रचनाएँ निरंतर प्रकाशित होती रहती है।
इनको नवाँकुर कवि सम्मान नयी कलम सम्मान, साहित्य लेफ्टिनेंटअवार्ड, साहित्यिक कप्तान, साहित्य साधक,साहित्य सारथी गौरव व अटल साहित्य सम्मान मिल चुका जो कि एक युवा कवि के लिए गौरव की बात है।