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मैं तोड़...

मैं तोड़ लेता अगर तुम गुलाब होती ज़बाब देता अगर तुम सवाल होती सब जानते है कि मैं कभी पीता नहीं फिर भी पी लेता अगर तुम शराब होती

By Prakash Kumar Khowal
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