STORYMIRROR

ढेर सारे...

ढेर सारे अरमान उस दिन मैने फिर से सजाए थे,    जिस दिन हम उन्हें मिल कर घरको आए थे.... - संकेत व्यास (ईशारा)

By Sanket Vyas Sk
 287