मेरी दुनिया इन्ही आंखों में सिमट आई शेख़, अब ये हसरत ना रही हमको ज़माना देखे... मेरी दुनिया इन्ही आंखों में सिमट आई शेख़, अब ये हसरत ना रही हमको ज़माना देखे...