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Madhu Jhunjhunwala

Others

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Madhu Jhunjhunwala

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अपनापन

अपनापन

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जैसे बालकनी का

सबसे खूबसूरत हिस्सा होता है

पौधों से रंगा हुआ....

ताज़गी का एहसास लिए

ज़िन्दगी से सरोबार...

बस.... ऐसे ही 

मन का एक कोना 

रंगा हुआ है...चाहतों के रंग से

दोस्ती, प्यार और सुकून की 

अबीर से....

जितना पुराना उतना ही गहरा

थोड़ी-सी परवाह 

और पूरा-सा हक़ 

बड़ी बेतकल्लुफ़ी से 

इख़्तियार रखते हैं 

मेरी शाम-ओ-सहर पे....

होते हैं कुछ लोग

ज़िन्दगी को भर देते हैं

अपनेपन के रंग से....!!!



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