STORYMIRROR

Zohra Ahmed

Others

3  

Zohra Ahmed

Others

काश

काश

1 min
253

काश कुछ ऐसा हो जाए

कि सब कुछ पहले जैसा हो जाए

कुछ दर्द तुम बयां कर दो

कुछ ज़ख्म मैं तुम्हारे भर दूं

काश कुछ ऐसा हो जाए

कि सब कुछ पहले जैसा हो जाए

तुम मुझे याद कर लो 

मैं तुम्हें ना भूल पाऊँ

दिल में जो बातें छुपा कर रखा है

वह सब मैं तुमसे कहती जाऊँ

फासले हमारे जो बढ़ गए हैं

वह सारे खत्म हो जाए

काश कुछ ऐसा हो जाए

कि सब कुछ पहले जैसा हो जाए


विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन