My words my identity.
जो समझते हैं तुझे अपना रहबर उन बेजुबानों की, तू आस है, परवाज़ है। जो समझते हैं तुझे अपना रहबर उन बेजुबानों की, तू आस है, परवाज़ है।
कम हो गयी बढ़ती हुई महँगाई और खत्म हो गया गुंडाराज इसी उम्मीदों के साथ फिर से मिल गया कम हो गयी बढ़ती हुई महँगाई और खत्म हो गया गुंडाराज इसी उम्मीदों के साथ फिर से ...
तुम्हारे जैसे कायरों से फिर हाथ मिलाना संभव ही नहीं। तुम्हारे जैसे कायरों से फिर हाथ मिलाना संभव ही नहीं।
उस एहसास ने ही मेरे आसमाँ की ऊंचाइयों को कम कर दिया। उस एहसास ने ही मेरे आसमाँ की ऊंचाइयों को कम कर दिया।
हर साल बहुत खुश होती थी मैं उनको पहन कर जैसे मानो उनको पहनकर सिर्फ मेरा ही हो नया हर साल बहुत खुश होती थी मैं उनको पहन कर जैसे मानो उनको पहनकर सिर्फ मेरा ...
मुझे इस तरह से न बांटो के मिल ना पाऊँ, मुझे इस तरह से न कांटो के मैं जुड़ ना पाऊँ । मैं फूलों ... मुझे इस तरह से न बांटो के मिल ना पाऊँ, मुझे इस तरह से न कांटो के मैं जुड़ ना ...
वो खुशियों की, सौगातें, मयस्सर, थी ही नहीं, उसको पर, दिल की, गहराईयो के, समंदर ने उसे डुबोने, न द... वो खुशियों की, सौगातें, मयस्सर, थी ही नहीं, उसको पर, दिल की, गहराईयो के, समंद...
काँप उठेगी तुम्हारी रूह भी पुश्तों तक, फिर कभी हम पर हमला करने की तुम सोच ना पाओगे। काँप उठेगी तुम्हारी रूह भी पुश्तों तक, फिर कभी हम पर हमला करने की तुम सो...
चलते चलते भीड़ मुड़ के देखे, न चाहे मुझ को मैं जब भी चलूँ भीड़ थम जाये तो मैं आगे बढूं। चलते चलते भीड़ मुड़ के देखे, न चाहे मुझ को मैं जब भी चलूँ भीड़ थम जाये ...
वो परिंदों की तरह बेपरवाह उड़ना है मुझे। अभी तो इस उड़ान की थकान बाकी है।। वो परिंदों की तरह बेपरवाह उड़ना है मुझे। अभी तो इस उड़ान की थकान बाकी...