STORYMIRROR

Vineeta #

Children Stories

3  

Vineeta #

Children Stories

हम चार

हम चार

1 min
354

भाई बहन से बढ़कर थे दोस्त चार,

हमेशा खेलते थे साथ,

कभी रूठे तो कभी मनाया देकर टॉफी, चॉकलेट का प्यार,

वो सब यार याद आते हैं बार- बार।


वो जो कभी लगी थी चोट,

डरे थे घरवालो को बताने से हाल,

उपचार किया साथ ही हमने,

याद आते हैं वो डॉक्टर चार।


जब कभी हुई बड़ो में तकरार,

मना किया हमे खेलने से साथ,

हम भी कहाँ मानने वालों में से थे,

छुप-छुप कर खेलने जाते थे,

बाद में बड़ो की डांट से डर जाते थे,

याद आते हैं वो पल बार-बार ,

कहाँ गए वो मेरे यार चार।।



विषय का मूल्यांकन करें
लॉग इन