My Name is Rajit Ram Ranjan s/o Sabhajit yadav. My Mother Name Shrimati Kalawati Devi. My Village- Kanakapur Kariyaw Bhadohi Uttar Pradesh 221406
पागलपन क्या होता है पागलपन क्यों लोग किसी के पीछे पागल हो जाते हैं अपना सब कुछ कुर्बान करने को तैयार... पागलपन क्या होता है पागलपन क्यों लोग किसी के पीछे पागल हो जाते हैं अपना सब कुछ क...
ख़त्म करके <br>मोहब्बत की हर निशानी,<br>ताजमहल में <br>तेरा हर ख़त ख़त्म करके <br>मोहब्बत की हर निशानी,<br>ताजमहल में <br>तेरा हर ख़त
महबूब से दिल भर गया, सफ़र में थे सफ़र गया, महबूब से दिल भर गया, सफ़र में थे सफ़र गया,
रूठकर उनका चले जाना , कभी समझ ही नही पाए हम। रूठकर उनका चले जाना , कभी समझ ही नही पाए हम।
मेहँदी हाथों में रचा रही थी वो , हथेली पे लिखे मेरे नाम , मिटा रही थी वो , मेहँदी हाथों में रचा रही थी वो , हथेली पे लिखे मेरे नाम , मिटा रही थी वो ,
मैं अकेला रहता था मायूस, गुमसुम, दीवारों से करता था गुफ्तगू, मैं अकेला रहता था मायूस, गुमसुम, दीवारों से करता था गुफ्तगू,
बड़ा याद आता है, दिसंबर का वो तीन दिन. बड़ा याद आता है, दिसंबर का वो तीन दिन.
समझ ही नहीं आता कि लड़कियां बेवफा होती है या लड़के ! समझ ही नहीं आता कि लड़कियां बेवफा होती है या लड़के !
तुम्हारी याद दिलाती है , जब आसमान से टपकती है .... ये बारिश की बूंदें! तुम्हारी याद दिलाती है , जब आसमान से टपकती है .... ये बारिश की बूंदें!