STORYMIRROR

ये कीमत ये...

ये कीमत ये जीवन की जो चुकाई है रो रो कर भूल कर सपने की उड़ान बाद में याद कर रोता राहा में बस अकेला ही में ना दोस्त ना दुश्मन है बस अकेला हु ये कहानी ये मेरी जो शब्दो में कम पड़ गया है आज

By Aditya Vardhan Gandhi
 390


More hindi quote from Aditya Vardhan Gandhi
0 Likes   0 Comments
18 Likes   0 Comments
25 Likes   0 Comments
17 Likes   0 Comments
12 Likes   0 Comments