STORYMIRROR

ये घर की...

ये घर की बात है। बाहर नहीं जानी चाहिये। हैरानी होती है सोचकर कि, बदनामी बात बाहर जाने से हो जाएगी उस कर्म से नहीं जिससे बात है। मगर कब तक ? जबकि सब जानते हैं कि सच एक दिन सामने अवश्य आता है। फिर भी......। NRG.

By Shashank Gupta
 735


More hindi quote from Shashank Gupta
1 Likes   0 Comments