STORYMIRROR

सोना पहनने...

सोना पहनने या रखने से मनुष्य निर्मल या शुद्ध नहीं होता है बल्कि विपत्ति,कष्ट,रोग, कठिनाई तथा असफलता की अग्नि में तपकर ही वह सोने जैसा व्यक्तित्व पाता है । -सागर

By सागर जी
 137


More hindi quote from सागर जी
0 Likes   0 Comments
10 Likes   0 Comments
18 Likes   0 Comments
0 Likes   0 Comments
0 Likes   0 Comments