STORYMIRROR

खुशी दोगुनी...

खुशी दोगुनी हो जाती है... धरती आसमां से मिलती है, मरुस्थल में कोई कली खिलती है। जब बिन बादल बरसात होती है, अचानक उनसे मुलाकात होती है। पुराना कोई खत मिल जाता है, कोई प्यार से जख्म भर जाता है। कभी फूलों की बारिश होती है, नहीं कोई साजिश होती है।

By Vibha Jha
 66


More hindi quote from Vibha Jha
0 Likes   0 Comments
0 Likes   0 Comments
0 Likes   0 Comments
1 Likes   0 Comments
1 Likes   0 Comments