STORYMIRROR

हम सब...

हम सब अंधानुकरण कर पर संस्कृति का, कर बैठे हैं प्रदूषित संस्कृति,वायु और जल। भूले निज संस्कार आधुनिकता के नाम पर, लेने लगे हैं सामिष खाद्य और अल्कोहल। @ डी पी सिंह कुशवाहा @

By Dhan Pati Singh Kushwaha
 213


More hindi quote from Dhan Pati Singh Kushwaha
1 Likes   0 Comments
1 Likes   1 Comments
1 Likes   0 Comments
1 Likes   0 Comments
1 Likes   0 Comments