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कर्म जिनका शस्त्र बन चुका, उन्हें चाहिए किसी का एहसान नहीं। कर्म जिनका शस्त्र बन चुका, उन्हें चाहिए किसी का एहसान नहीं।
मुश्किल होगी सहने में सांस उलझते जाएगा मुश्किल होगी सहने में सांस उलझते जाएगा
पर मेरे हिस्से में उसने कोई शाम सुहानी लिखना ना भूली।। पर मेरे हिस्से में उसने कोई शाम सुहानी लिखना ना भूली।।
तेरा मेरा साथ अभी भी है... रोकना है रोक लो ठहर जाऊंगा... फिर ढूंढोगे तो कहीं नजर नहीं आऊंगा... जह... तेरा मेरा साथ अभी भी है... रोकना है रोक लो ठहर जाऊंगा... फिर ढूंढोगे तो कहीं न...
जो खामोश होकर भी अपने होने का अहसास देती है। जो खामोश होकर भी अपने होने का अहसास देती है।
जीवन के हर पल में जाने अनजाने कितने लोगों से मुलाकातें होती हैं। जीवन के हर पल में जाने अनजाने कितने लोगों से मुलाकातें होती हैं।