STORYMIRROR
होम
श्रृंखला
कहानी
कविता
कोट
ऑडियो
खरीदें
प्रतियोगिताएं
पुरस्कार
अकादमी
हमारे बारे में
हमारे साथ जुडे
संपर्क करें
लॉग इन करें
Sign Up
Terms & Condition
गोपनीयता नीति"
श्रृंखला
कहानी
कविता
कोट
ऑडियो
प्रतियोगिताएं
पुरस्कार
खरीदें
अकादमी
गिवअवे
हमारे बारे में
संपर्क करें
नहीं...
नहीं निकला मेरी...
En
English
Hi
हिन्दी
Gu
ગુજરાતી
Ma
मराठी
Or
ଓଡ଼ିଆ
Bn
বাংলা
Te
తెలుగు
Ta
தமிழ்
Ka
ಕನ್ನಡ
Ml
മലയാളം
लाइब्रेरी
नियम और शर्ते
गोपनीयता नीति"
साइनअप
लॉग इन
En
English
Hi
हिन्दी
Gu
ગુજરાતી
Ma
मराठी
Or
ଓଡ଼ିଆ
Bn
বাংলা
Te
తెలుగు
Ta
தமிழ்
Ka
ಕನ್ನಡ
Ml
മലയാളം
फीड
लाइब्रेरी
लिखें
सूचना
प्रोफाइल
नहीं निकला...
“
नहीं निकला मेरी गली में किसी उन्मत में चूर होगा वो भी कहीं किसी की मुहब्बत में ज़रूर होगा चांद को बैरी, कैसे कोई कहे उसपे भी चांदनी का छाया सुरूर होगा
”
By
Veer Malihabadi
241
chand bairi
bairi chand
चांद
चांद बैरी
बैरी चांद
चांदनी
सुरूर
veer malihabadi
वीर मलीहाबादी
More
hindi quote
from
Veer Malihabadi
सब देखें
19
Likes
0
Comments
19
0
00:00
00:00
Download StoryMirror App