Jhilmil Sitara
Literary Colonel
94
Posts
1
Followers
1
Following

"Believe in yourself always"

Share with friends
Earned badges
See all

मुझे जब वो ज़मीन से उखाड़ कर फेंकना चाह रहे थे तब मुझे अपनी जड़ो की मजबूती और ताकत का अहसास हुआ

काटकर मेरी डालियों को कागजी फूलों से सजाते हैं।

मकान के उस हिस्से में रखते हैं वो पिंजरा मेरा, जहाँ से खुला आसमान साफ़ - साफ़ दिखता है।

अपने गुरुर के चट्टानों पर कभी ना तुम चढ़ इतराना, जज़्बातों की तेज़ लहरें विशाल चट्टानों को भी रेत बना देती हैं।

मेरी उम्मीदों को बहुत उम्मीद है तुझसे ए वक़्त, करोगे ना कभी मुझे नाउम्मीद तुम।

🇮🇳 अपने इतिहास को हम ना बिसारेंगे, बलिदानों की इस माटी पर कोटि - कोटि हम कुर्बान जायेंगे अपनी मातृभूमि को तन - मन से हम सँवारेंगे। 🇮🇳

अक्सर नकारात्मता से भरे हुए इंसान, सकारात्मक माहौल में असहज हो जाते हैं!

कभी - कभी जाहिर करना मुश्किल हो जाता है की, रुलाने वालों के पास भी दिल होता है!!

जितना जोर वो आगे बढ़ने के लिए लगाता है, उतनी ही ताकत लगा उसे रोकने में जूटे है सभी यहाँ।


Feed

Library

Write

Notification
Profile