यह बहते हुए आंसू,
सारा राज कह देंगे।
इन्हें आंखों में छुपा लो,
वरना बदनाम कर देंगे।
कौन है जहां में जिसने,
जहर न पिया हो।
होठों से हटा लो प्याले को,
वरना लोग शराब कह देंगे।
इस जहान में यारों
मैं जहांँ लेके चलती हूँ।
जीवन में खरगोश की नहीं
कछुए की चाल चलती हूँ।