I'm Paramita and I love to read StoryMirror contents.
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खुशियां तो बांट ने के चिज़ है बांट दी ऐ मेरे वतन तेरे सामने शिश झुका कर फिर मेरी झेली खुशियों से भरदी पारमिता षड़ंगी
कुछ इबादतों से बना है घोंसला मेरा अब तुम भी आजाओ देखलो शीशा पता चल जाएगा ,याहाँ तुम्हें सब पेहचानते है ।