पेशे से कलाकार और एक विचारक हैं। शुरुआत मुंबई मे 2003 में एक कला निर्देशक सहायक के रूप मे हुई । काफी सारे फिल्मो और टीवी मे आर्ट डायरेक्शन की और दिल्ली में कई कला प्रदर्शिनी कर चुके हैं। कला और साहित्य मे गहरी रुचि होने के कारण शाहवेज़ खान को लिखने का शौक है।शाहवेज खाँन का जन्म मेरठ के... Read more
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धन और यश आदमी का साथ कभी भी छोड़ सकते हैं मगर कला एक बार जिसका हाथ थामती है फिर ज़िंदगी के साथ साथ चलकर....मरकर भी ज़िंदा रहती है !
चित्रकार के मन में कल्पनाओं का सागर हमेशा हिलोरे लेता रहता है, उसकी बनाई हर कृति उसी सागर की कोई एक लहर होती है!