ମୋ କବିତା ଲେଖା ମୋର ପରିଚୟ। ଆପଣଙ୍କ ମତାମତ ହିଁ ମୋର ପୁରସ୍କାର।
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भगवान से सच्चा दोस्त कोई नहीं इस दुनिया में।वो स्वयं प्रकट न होते हुए भी एहसास कराते हैं। विश्वास रखना चाहिए। अमिता दाश 🌸🏵️
ଭଗବାନ ଙ୍କ ଛଡ଼ା ସଂସାର ରେ ବଡ଼ ବନ୍ଧୁ କେହି ନାହିଁ।ସବୁ ସ୍ଥାନରେ ତୁମ ପାଖରେ ପ୍ରକଟ ନ ହେଲେ ମଧ୍ୟ ସରଳ, ନିରୀହ ସଖା' ର ସାଥୀ ହୋଇ ଠିଆ ହୁଅନ୍ତି। ଅମିତା ଦାଶ ❤️
जीव-जंतु, पेड़-पौधे बंधुत्व के परिभाषा समझते हैं। कुत्ते तो जान छिड़कते हैं। जरुरत पड़ने पर जान भी दे सकते हैं। अमिता दाश 🌸🏵️