Audio

Forum

Read

Contests

Language


Write

Sign in
Wohoo!,
Dear user,
टूटना तो निश्चित है
टूटना तो निश्चित है
★★★★★

© Kamlesh Malik

Others

1 Minutes   6.7K    3


Content Ranking

नहीं जानती वह

कहाँ जाना है उसे

जल जाएगी पानी की बूँद की तरह

अंगारों पर गिरकर

या बन जाऐगी मोती

सीप की गोद में गिरकर

या बनेगी

जगमगाती लौ प्रचण्ड तेज़ की

या अमावस्या की भयानक

काली रात

या चढ़ेगी फूल बनकर

किसी देवता के चरणों में

अथवा रौंदी जाऐगी किन्हीं

बेदर्द पैरों के तले

या बनेगी रेत का घर

जो गिर जाऐ

शाम ठोकर में

बह जाऐ एक लहर में

या बनेगी नींव

एक सुदृढ़ भवन की

या दिखाऐगी दुनिया को

सच का आईना

पर आईना बनने के लिऐ

उसे ढूँढना होगा

यह तो निश्चित है।

 

टूटना तो निश्चित है

Rate the content


Originality
Flow
Language
Cover design

Comments

Post

Some text some message..