Quotes New

Audio

Forum

Read

Contests

Language


Write

Sign in
Wohoo!,
Dear user,
अभी बाकी है
अभी बाकी है
★★★★★

© Narendra Singh

Drama Fantasy Comedy

1 Minutes   13.1K    4


Content Ranking

सूरज खंजर की तरह उतर रहा ज़मीं के सीने में

मिजाज़ का तो कत्ल हुआ

मायूसी छाना अभी बाकी है 

 

जेहन में मुद्दतों की प्यास रात के उस ख्वाब की

पर अफ़सोस तनहाई का सन्नाटा चीरती

एक शाम अभी बाकी है

 

ये लम्हा नहीं रवानगी का इस महफ़िल से

रुक-ए-नादान गफलत में कहाँ चला

और एक जाम अभी बाकी है

 

ज़ाहिद हो कर जहाँ से इस समां की

महक में डूब जा, सुरूर चढ़ने दे, आखिर

कदमों का लरजना अभी बाकी है

 

मयखाने में बैठकर, ख़ुदकुशी की बात करता है

जो ज़िंदगी तू जी चुका उसे रुख़सत कर

एक कतरा जीना अभी बाकी है

 

बदनाम गलियों में आना तेरा,

पर तेरी आँखों में नूर वहाँ का,

अलविदा! इस जहां से, उस जहां में

तेरा नाम अभी बाकी है।

 

 

 

रात नूर ख्व़ाब ज़ाहिद मदहोशी मयकशी अलविदा सुरूर

Rate the content


Originality
Flow
Language
Cover design

Comments

Post

Some text some message..