Quotes New

Audio

Forum

Read

Contests


Write

Sign in
Wohoo!,
Dear user,
गुज़ारिश
गुज़ारिश
★★★★★

© Ashish Aggarwal

Classics

1 Minutes   1.3K    6


Content Ranking


माना तेरी पलकें भीगी हैं वक़्त ने ज़िन्दगी में की जो साज़िश है,

फिर भी मुस्कुरा दे गम भुलाकर तेरे होठों की तुझसे गुज़ारिश है।


इक दुआ है मेरी खुदा से कि खुदा खुद दुआ मांगे तेरे लिए,

गर मेरी दुआएं बेअसर हैं तो उसकी दुआ असर दिखाए तेरे लिए,

भरोसा है अगर खुदा को भी उस पर भरोसा करने वालों पर​,

तो उसकी बनाई पूरी कायनात खुशियों के रंग सजाए तेरे लिए।

नेक बंदों के ज़ख़्मों पर​ होती जरूर खुदाई मरहम की बारिश है।

फिर भी मुस्कुरा दे गम भुलाकर तेरे होठों की तुझसे गुज़ारिश है।



सुना है तारे खुद टूटकर दूसरों की दुआएं कबूल करवाएं,

जब वो आहें भरें तो उन्हें देखने वाले उम्मीद से मुस्कुराएं,

खुदा करे जब तू रात को आकाश देखे तो इतने तारे टूटें,

कि तेरे पास मांगने के लिए आज फ़रियादें कम पड़ जाएं।

तेरे हंसी के लिए तारों के साथ-2 चाँद की भी आज़माईश है।

फिर भी मुस्कुरा दे गम भुलाकर तेरे होठों की तुझसे गुज़ारिश है।


माना ये जरूरी नहीं हम जो भी ख़्वाब देखें वो पूरा हो जाए,

पर खुदा तू ख़्वाब वही दिखा जो हर हाल में पूरा हो पाए।

माना ये भी जरूरी नहीं जिस राह पर चलें मंज़िल मिल जाए,

तू राह ही ऐसा दिखा खुदा जो खुदबखुद मंज़िल तक पहुंचाए,

हंस दे खिलखिलाकर, आशिष ने खुदा से सिफ़ारिशक्र दी हैं

फिर भी मुस्कुरा दे गम भुलाकर तेरे होठों की तुझसे गुज़ारिश हैं



#postiveindia

मुस्कुराहट यक़ीन ख़ुदा

Rate the content


Originality
Flow
Language
Cover design

Comments

Post

Some text some message..