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अधिवक्ता संजीव रामपाल मिश्रा बाबा

Inspirational


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अधिवक्ता संजीव रामपाल मिश्रा बाबा

Inspirational


धैर्य

धैर्य

1 min 260 1 min 260

वो धैर्य की परीक्षा ले रहे,

उन्हें मालूम नहीं अंजाम,

आज गोटी उनके पास है,

कल बाजी हमारे हाथ है।


कब का मिटा देता,

गर दिल में मैल होता है,

यह उल्फतों का राज है,

वार खंजर से नहीं होता है।


उनको लचा देंगे जड़ तक,

जिनकी आज रौबतें हाबी हैं,

धरा पर होगी छाती उनकी,

जिनकी आज दौलतें साथी है।


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